US की Encora को 2.35 अरब डॉलर में खरीदेगी Coforge, जुटाएगी 55 करोड़ डॉलर – coforge will acquire encora in a 2 35 billion dollar all stock transaction board approves fund raise of 55 crore dollar



IT सर्विसेज फर्म कोफोर्ज US-बेस्ड इंजीनियरिंग सर्विसेज कंपनी एनकोरा को 2.35 अरब डॉलर के ऑल-स्टॉक ट्रांजेक्शन में खरीदेगी। एनकोरा के शेयरहोल्डर्स कोफोर्ज की पोस्ट-इश्यू इक्विटी कैपिटल का लगभग 21.25 प्रतिशत हिस्सा रखेंगे। यह खरीद शेयर स्वैप के जरिए की जाएगी। कोफोर्ज 9.38 करोड़ इक्विटी शेयर 1,815.91 रुपये प्रति शेयर के हिसाब से जारी करेगी, जिसका मतलब है लगभग 17,032 करोड़ रुपये का नॉन-कैश कंसीडरेशन।

26 दिसंबर को कोफोर्ज की बोर्ड मीटिंग खत्म होने के बाद इस खरीद को लेकर एक बयान जारी किया गया। एनकोरा का अधिग्रहण 1.89 अरब डॉलर की इक्विटी के जरिए फंड किया जाएगा। बाकी राशि को ब्रिज लोन या क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) के जरिए जुटाया जाएगा।

एनकोरा डिजिटल इंजीनियरिंग और प्रोडक्ट डेवलपमेंट सर्विसेज पर फोकस करती है। इन सर्विसेज में क्लाउड-नेटिव एप्लिकेशन, डेटा इंजीनियरिंग, प्लेटफॉर्म मॉडर्नाइजेशन और एंटरप्राइज सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट जैसी क्षमताएं शामिल हैं। इसकी नॉर्थ अमेरिका में अच्छी मौजूदगी है। एनकोरा का मालिकाना हक अभी एक प्राइवेट इक्विटी फर्म एडवेंट इंटरनेशनल के पास है। एडवेंट ने 2021 में वारबर्ग पिंकस को लगभग 1.5 अरब डॉलर की वैल्यूएशन पर खरीदकर एनकोरा का हिस्सा खरीदा था।

वारबर्ग ने एनकोरा को उसके शुरुआती ग्रोथ फेज में सपोर्ट किया था। इससे कंपनी को अपने ऑफशोर डिलीवरी फुटप्रिंट को बढ़ाने और US एंटरप्राइज क्लाइंट्स के लिए अपने एक्सपोजर को बढ़ाने में मदद मिली। इसके बाद, जब बिजनेस एक ग्लोबल डिजिटल इंजीनियरिंग प्लेटफॉर्म में मैच्योर हो गया, तो वारबर्ग ने कंपनी छोड़ दी।

बनेगी 2.5 अरब डॉलर रेवेन्यू वाली कंबाइंड एंटिटी

कोफोर्ज का कहना है कि इस ट्रांजेक्शन से एक कंबाइंड एंटिटी बनेगी, जिसका अनुमानित रेवेन्यू लगभग 2.5 अरब डॉलर होगा। इसमें से लगभग 2 अरब डॉलर FY27 तक AI-बेस्ड इंजीनियरिंग, क्लाउड और डेटा सर्विसेज से आने की उम्मीद है। अकेले AI-बेस्ड प्रोडक्ट इंजीनियरिंग का रेवेन्यू 1.25 अरब डॉलर से ज्यादा हो सकता है, जिसमें क्लाउड सर्विसेज का योगदान लगभग 50 करोड़ डॉलर और डेटा इंजीनियरिंग का 25 करोड़ डॉलर से ज्यादा होगा। एनकोरा ने वित्त वर्ष 2025 में 51.6 करोड़ डॉलर का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू दर्ज किया। वित्त वर्ष 2026 में इसके 60 करोड़ डॉलर तक पहुंचने का अनुमान है।

कोफोर्ज के बोर्ड ने QIP या दूसरे मंजूर तरीकों से 55 करोड़ डॉलर तक जुटाने की मंजूरी दे दी है। हालांकि कंपनी ने कहा कि अगर फंडिंग के दूसरे ऑप्शन फाइनल हो जाते हैं तो QIP की जरूरत नहीं पड़ेगी। कोफोर्ज ने कहा कि यह डील उसके हाईटेक और हेल्थकेयर वर्टिकल को तुरंत बढ़ाएगी। उम्मीद है कि अधिग्रहण के बाद हर एक का रन-रेट लगभग 17 करोड़ डॉलर तक पहुंच जाएगा। कोफोर्ज ने कहा कि इस ट्रांजेक्शन के बाद उसके नॉर्थ अमेरिका बिजनेस में लगभग 50 प्रतिशत की बढ़ोतरी होने की उम्मीद है। इस ट्रांजेक्शन पर अभी कोफोर्ज के शेयरधारकों की मंजूरी और रेगुलेटरी मंजूरी लिया जाना बाकी है। उम्मीद है कि यह डील 4 से 6 महीनों के अंदर पूरी हो जाएगी।

26 दिसंबर को कोफोर्ज के शेयर में गिरावट रही। शेयर BSE पर 4.5 प्रतिशत गिरकर 1658.70 रुपये के लो तक गया। बाद में लगभग 4 प्रतिशत गिरावट के साथ 1673.25 रुपये पर बंद हुआ। कंपनी का मार्केट कैप 56000 करोड़ रुपये है। शेयर की फेस वैल्यू 2 रुपये है। एक सप्ताह में शेयर 9 प्रतिशत नीचे आया है। 3 महीनों में 8 प्रतिशत चढ़ा है। कंपनी में पूरी 100 प्रतिशत हिस्सेदारी पब्लिक शेयरहोल्डर्स के पास है।

Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।



Source link

Scroll to Top