
Q3 Results: टेक-बेस्ड लॉजिस्टिक्स कंपनी Shadowfax Technologies ने दिसंबर तिमाही में मजबूत नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट करीब 6 गुना बढ़कर 35 करोड़ रुपये हो गया। पिछले साल इसी तिमाही में यह सिर्फ 6 करोड़ रुपये था।
रेवेन्यू में 65.5% की जोरदार ग्रोथ
Shadowfax Technologies की तीसरी तिमाही में ऑपरेशंस से आय 65.5 प्रतिशत बढ़कर 1,159.7 करोड़ रुपये पहुंच गई। एक साल पहले इसी अवधि में यह 700.6 करोड़ रुपये थी।
कंपनी को यह ग्रोथ ज्यादा शिपमेंट वॉल्यूम और अपने डिलीवरी नेटवर्क के विस्तार से मिली है। स्केल बढ़ने का सीधा फायदा रेवेन्यू पर दिखा।
EBITDA और मार्जिन में सुधार
ऑपरेटिंग प्रदर्शन भी बेहतर रहा। EBITDA बढ़कर 66.5 करोड़ रुपये हो गया, जो पिछले साल इसी तिमाही में 20.7 करोड़ रुपये था।
EBITDA मार्जिन 3 प्रतिशत से बढ़कर 5.7 प्रतिशत हो गया। इसका मतलब है कि कंपनी ने लागत पर बेहतर नियंत्रण रखा और ऑपरेटिंग लीवरेज का फायदा उठाया।
खर्च का पूरा ब्योरा
9 महीनों का प्रदर्शन कैसा रहा?
31 दिसंबर तक के 9 महीनों में कंपनी का ऑपरेशंस से रेवेन्यू 2,965.4 करोड़ रुपये रहा। पिछले साल इसी अवधि में यह 1,772.7 करोड़ रुपये था।
इस दौरान नेट प्रॉफिट 55.9 करोड़ रुपये रहा। पिछले साल यह 16.3 करोड़ रुपये था। यानी सालाना आधार पर मजबूत ग्रोथ दिखी।
लिस्टिंग के बाद शेयर प्राइस में तेजी
Shadowfax Technologies की लिस्टिंग 28 जनवरी 2026 को NSE और BSE पर हुई थी। 12 फरवरी को कंपनी का शेयर प्राइस NSE पर 4.8 प्रतिशत की बढ़त के साथ 124.75 रुपये पर बंद हुआ। लिस्टिंग के बाद से यह स्टॉक 13.43% उछला है। कंपनी का मार्केट कैप 7.19 हजार करोड़ रुपये है।
Shadowfax का बिजनेस मॉडल
Shadowfax Technologies भारत का प्रमुख टेक इनेबल्ड लॉजिस्टिक्स प्लेटफॉर्म है। कंपनी ई कॉमर्स, क्विक कॉमर्स, डी2सी ब्रांड्स और हाइपरलोकल सेवाओं के लिए लास्ट माइल डिलीवरी सेवाएं देती है। ऑनलाइन ऑर्डरिंग और फास्ट डिलीवरी की बढ़ती मांग का कंपनी को सीधा फायदा मिल रहा है।
Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना के लिए दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।