
Stock Market : 9 फरवरी के कारोबारी सत्र में बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 50 और सेंसेक्स में तेजी की संभावना है। भारत और अमेरिका ने अपना ट्रेड एग्रीमेंट पक्का कर लिया है। वॉशिंगटन ने भारतीय प्रोडक्ट्स पर टैरिफ रेट 50 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है। इससे बाजार के लिए एक बड़ी चिंता खत्म हो गई है। मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते ने एक बड़ी अनिश्चितता को खत्म कर दिया है। एक्सपोर्ट की संभावनाओं को बेहतर बनाया है और भारतीय बाजार में विदेशी निवेशकों की दिलचस्पी को फिर से जगाया है।
आज को सत्र में ऑटो पार्ट्स, टेक्सटाइल कंपनियां और मछली पालन कंपनियां फोकस में रहेंगी, क्योंकि उन्हें इस डील से काफी फायदा होने वाला है। वहीं, इलेक्ट्रॉनिक्स एक्सपोर्ट पर ज़्यादा असर नहीं पड़ेगा, क्योंकि उन्हें पहले की टैरिफ व्यवस्थाओं में भी छूट का फायदा मिला था।
JM फाइनेंशियल का कहना है कि इस डील से जिन सेक्टरों को फायदा होगा उनमें हीरे और ज्वेलरी, टेक्सटाइल, मशीनरी, केमिकल और ऑटोमोबाइल शामिल हैं। इन सेक्टरों को टैरिफ में कमी से कॉम्पिटिशन में बढ़त हासिल करने में मदद मिलेगी। फार्मास्यूटिकल्स और एयरक्राफ्ट कंपोनेंट्स को लगभग ज़ीरो ड्यूटी एक्सेस का फायदा मिलता रहेगा।
इसके अलावा आज सरकारी कंपनियों REC और PFC पर फोकस रहेगा। इन कंपनियों के बोर्ड ने एक-दूसरे के साथ मर्जर के रूप में रीस्ट्रक्चरिंग के लिए सैद्धांतिक मंज़ूरी दे दी है। बता दें कि मर्ज की गई एंटिटी एक ‘सरकारी कंपनी’ बनी रहेगी।
एनरिच मनी के CEO पोनमुडी आर ने कहा कि अमेरिका-ईरान संघर्ष से जुड़ी चिंताओं में कमी। मजबूत घरेलू संस्थागत निवेश,रुपये में स्थिरता और बजट-आधारित कैपेक्स थीम में लगातार तेजी बाजार में पॉजिटिव मोमेंटम को बढ़ा रहे हैं।
टेक्निकल व्यू
टेक्निकल नजरिए से देखें तो निफ्टी के लिए इमीडिएट सपोर्ट 25,500 के पास है, जो हाल के स्विंग लो के साथ मेल खाता है। जबकि 25,800 पर इमीडिएट रेजिस्टेंस नजर आ रहा है। यह एक भारी कॉल-राइटिंग ज़ोन के साथ मेल खाता है। एक मजबूत रेजिस्टेंस 25,900-26,000 बैंड में है।
कुल मिलाकर, सेंटिमेंट पॉजिटिव हो गया है। अब बाजार FII निवेश की वापसी और एक्सपोर्ट-ओरिएंटेड सेक्टर में रिकवरी के शुरुआती संकेतों पर नजर बनाए हुए है।
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