
Stock market : 16 फरवरी को निफ्टी 25,650 के ऊपर टिका रहा और भारतीय इक्विटी इंडेक्स मजबूती के साथ बंद हुए। आज के कारोबारी सत्र के अंत में सेंसेक्स 650.39 अंक या 0.79 फीसदी बढ़कर 83,277.15 पर और निफ्टी 211.65 अंक या 0.83 फीसदी बढ़कर 25,682.75 पर बंद हुआ। लगभग 1676 शेयर बढ़े, 2443 शेयर गिरे और 181 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ। निफ्टी में सबसे ज़्यादा बढ़त पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन,कोल इंडिया, HDFC बैंक, अदाणी एंटरप्राइजेज और मैक्स हेल्थकेयर में हुई। जबकि, निफ्टी के सबसे ज्यादा गिरने वाले शेयरों में टेक महिंद्रा, बजाज फाइनेंस, मारुति सुजुकी, आयशर मोटर्स और टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स शामिल रहे।
सेक्टोरल फ्रंट पर,पावर, PSU बैंक, रियल्टी, प्राइवेट बैंक, इंफ्रा, कैपिटल गुड्स, एनर्जी इंडेक्स में 1-2 फीसदी की बढ़त हुई। जबकि मीडिया और ऑटो में 0.5-1 फीसदी की गिरावट आई। ब्रॉडर इंडेक्स ने बेंचमार्क इंडेक्स से कमजोर प्रदर्शन किया। निफ्टी मिडकैप इंडेक्स 0.5 फीसदी बढ़ा, जबकि स्मॉलकैप इंडेक्स सपाट रहा।
आज एक ही सेशन में इन्वेस्टर्स को लगभग 3 लाख करोड़ रुपए का फायदा हुआ। BSE-लिस्टेड कंपनियों का कुल मार्केट कैपिटलाइज़ेशन पिछले सेशन के 465 लाख करोड़ रुपए से बढ़कर 468 लाख करोड़ रुपए से ज़्यादा हो गया।
आगे कैसी रह सकती है बाजार की चाल
जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के रिसर्च हेड विनोद नायर का कहना है कि एक रेंज में खुलने के बाद, घरेलू बाज़ार ने तेजी पकड़ी। बैंकिंग और पावर स्टॉक्स में फिर से आई खरीदारी से बाजार को सपोर्ट मिला। पावर सेक्टर में डिमांड मोमेंटम बने की उम्मीदों के चलते बढ़त हुई। जबकि बेहतर लोन ग्रोथ और स्टेबल एसेट क्वालिटी के संकेत ने बैंकों में भरोसा बढ़ाया।
महंगाई के नरम आंकड़ों के बाद US 10-ईयर यील्ड में लगातार गिरावट ने इस साल के आखिर में फेड रेट में कटौती की उम्मीदों को मज़बूत कर दिया है। निवेशक अब आगे के संकेतों के लिए आने वाले फेड मिनट्स का बेसब्री से इंतज़ार कर रहे हैं। इस बीच, रुपए में स्थिरता और US-ईरान बातचीत से पहले कच्चे तेल की कीमतों का एक रेंज में रहना घरेलू इक्विटी मार्केट को और सपोर्ट दे रहा है। इससे बाजार में तेजी बनी रहने की उम्मीद दिख रही है।
LKP सिक्योरिटीज के सीनियर टेक्निकल एनालिस्ट रूपक डे का कहना है कि निफ्टी ने दिन की शुरुआत कमज़ोरी के साथ की, लेकिन आगे कोई सेलिंग प्रेशर नहीं होने की वजह से इसमें मज़बूती आई। फिर, ऑवरली चार्ट पर एक हिडेंन पॉज़िटिव डाइवर्जेंस बनने के बाद इंडेक्स अपने दिन के सबसे ऊंचे लेवल पर पहुंच गया, जिससे डेली टाइमफ़्रेम पर एक बुलिश एनगल्फिंग कैंडल बन गई। अगर निफ्टी 25600 से ऊपर टिका रहता है, तो यह तेज़ी जल्द ही 25800 और उससे ऊपर जा सकती है। हालांकि, 25500 से नीचे गिरने पर बाज़ार में फिर से मंदी शुरू हो सकती है।
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