
लाइफ इंश्योरेंस कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड ने 3 महीने में सिप्ला लिमिटेड में 2% से ज्यादा हिस्सेदारी खरीदी है। इसके बाद सिप्ला में इसकी शेयरहोल्डिंग 9.09% हो गई है। इनफॉर्मिस्ट की एक रिपोर्ट में एक्सचेंज फाइलिंग का हवाला देते हुए यह बात कही गई है। हिस्सेदारी बढ़ने के बाद LIC, सिप्ला में एक बड़ी शेयरहोल्डर बन गई है। LIC लगातार इस फार्मा कंपनी में अपना निवेश बढ़ा रही है।
सिप्ला में इस वक्त प्रमोटर्स के पास 29.21 प्रतिशत हिस्सेदारी है। पब्लिक शेयरहोल्डर्स के पास 70.79 प्रतिशत स्टेक है। कंपनी का मार्केट कैप 1 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा है। शेयर की फेस वैल्यू 2 रुपये है। BSE पर वर्तमान कीमत 1341.45 रुपये है।
सिप्ला का शेयर 3 महीनों में 12 प्रतिशत गिरा है। शेयर का BSE पर 52 सप्ताह का उच्च स्तर 1672.20 रुपये और निचला स्तर 1283 रुपये है। यह कंपनी BSE 100 इंडेक्स का हिस्सा है।
Cipla की वित्तीय सेहत
सिप्ला का अक्टूबर-दिसंबर 2025 तिमाही में रेवेन्यू 70.74 अरब रुपये रहा। कंसोलिडेटेड शुद्ध मुनाफा 6.76 अरब रुपये दर्ज किया गया। वित्त वर्ष 2025 के दौरान कंपनी का स्टैंडअलोन बेसिस पर रेवेन्यू 19,044.85 करोड़ रुपये रहा। इस बीच शुद्ध मुनाफा 5157.65 करोड़ रुपये रहा।
ब्रोकरेज ने रेटिंग घटाई
दिसंबर तिमाही में उम्मीद से कम प्रदर्शन के बाद कई ब्रोकरेज ने सिप्ला के शेयर को डाउनग्रेड कर दिया है। इसके पीछे US में कम बिक्री और खास प्रोडक्ट्स की सप्लाई में रुकावट का हवाला दिया गया। जेफरीज ने स्टॉक के लिए 1,170 रुपये प्रति शेयर के टारगेट प्राइस के साथ “अंडरपरफॉर्म” रेटिंग दी है। FY26–FY28 के EPS अनुमानों को 19–21 प्रतिशत तक कम कर दिया है।
सिप्ला के मैनेजमेंट ने वित्त वर्ष 2026 के लिए EBITDA मार्जिन गाइडेंस को 22.75–24 प्रतिशत से घटाकर 21 प्रतिशत कर दिया है। इसके बाद HSBC ने स्टॉक की रेटिंग को “होल्ड” कर दिया और टारगेट प्राइस घटाकर 1,285 रुपये प्रति शेयर कर दिया। मैक्वेरी ने 1,490 रुपये के टारगेट प्राइस के साथ “आउटपरफॉर्म” रेटिंग बनाए रखी है।
Disclaimer: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए सलाह या विचार एक्सपर्ट/ब्रोकरेज फर्म के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदायी नहीं है। यूजर्स को मनीकंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले हमेशा सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।