
Infosys Share Price: दिसंबर 2025 तिमाही के कारोबारी नतीजे के बाद अमेरिकी मार्केट में धमाल मचाया और अब भारतीय स्टॉक मार्केट में भी इंफोसिस ने धमाल मचा दिया। इंफोसिस ने बुधवार को स्टॉक मार्केट का कारोबार बंद होने के बाद दिसंबर तिमाही के रिजल्ट पेश किए थे। उसके बाद से अब घरेलू स्टॉक मार्केट में कारोबार खुला है तो आज इसके शेयर 5% से अधिक उछल पड़े। हालांकि इससे पहले अमेरिकी मार्केट में इंफोसिस का ADR (अमेरिकर डिपॉजिटरी रिसीट्स) करीब 10% उछल पड़ा। अब घरेलू मार्केट में बात करें तो इसके शेयर फिलहाल 4.94% की बढ़त के साथ ₹1678.00 पर हैं। इंट्रा-डे में यह 5.20% उछलकर ₹1682.25 तक पहुंच गया था। अब आगे की बात करें तो इंफोसिस को ट्रैक करने वाले ओवरऑल 51 एनालिस्ट्स में से 36 ने इसे खरीदारी, 13 ने होल्ड और दो ने सेल रेटिंग दी है।
Infosys के लिए कैसी रही दिसंबर 2025 तिमाही?
चालू वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही अक्टूबर-दिसंबर 2025 में कंपनी का कॉन्स्टैंट करेंसी रेवेन्यू तिमाही आधार पर फ्लैट ग्रोथ की उम्मीद के मुकाबले 0.6% रहा। कंपनी ने वित्त वर्ष 2026 के लिए कॉन्स्टैंट करेंसी रेवेन्यू ग्रोथ गाइडेंस को 2-3% से बढ़ाकर 3-3.5% कर दिया है। दिसंबर 2025 तिमाही में कंपनी का एडजस्टेड ईबीआईटी मार्जिन उम्मीद के मुताबिक ही 21.2% रहा। कंपनी ने खुलासा किया नए लेबर कोड के चलते इसे ₹1,289 करोड़ का झटका लगा। इसका शुद्ध मुनाफा सालाना आधार पर दिसंबर 2025 तिमाही में 9.7% गिरकर ₹6,654 करोड़ पर आ गया। डील विन्स की बात करें तो यह $480 करोड़ के मजबूत लेवल पर रहा और इसमें से 57% तो नए रहे। इसके अलावा इंफोसिस का हेडकाउंट 11 तिमाहियों में सबसे अधिक दिसंबर 2025 तिमाही में रही। दो तिमाहियों में इसके 11,246 एंप्लॉयीज बढ़े हैं।
क्या कहना है ब्रोकरेजेज फर्मों का?
ब्रोकरेज फर्म एचएसबीसी ने इंफोसिस को ₹1870 के टारगेट प्राइस के साथ खरीदारी की रेटिंग दी है। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि इंफोसिस के लिए दूसरी तिमाही उम्मीद से थोड़ी ही बेहतर थी लेकिन तीसरी तिमाही यानी अक्टूबर-दिसंबर 2025 दमदार रही। इसके अलावा कंपनी की मांग बेहतर दिख रही है, खासतौर से बैंकिंग और एनर्जी वर्टिकल्स में। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि एआई का बढ़ता असर अब दिखने लगा है और अमेरिका में भी कॉरपोरेट सेंटिंमेंट सुधर रहा है तो इससे आईटी सेक्टर की मांग को सपोर्ट मिल रहा है।
एक और ब्रोकरेज फर्म सीएलएसए ने इंफोसिस को आउटपरफॉर्म रेटिंग दी है और टारगेट प्राइस ₹1779 पर फिक्स किया है। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि एनएचएस कॉन्ट्रैक्ट और बीएफएसआई सेगमेंट में लगातार डिस्क्रेशनरी स्पेंडिंग बने रहने के चलते दिसंबर तिमाही में रेवेन्यू के मोर्चे पर इंफोसिस ने चौंका दिया। ब्रोकरेज फर्म ने वित्त वर्ष 2027 में बीएफएसआई और एनर्जी और यूटिलिटीज वर्टिकल्स में मांग बढ़ने के संकेतों को लेकर मैनेजमेंट की उम्मीद का जिक्र किया है। ब्रोकरेज फर्म ने कॉन्स्टैंट करेंसी के टर्म में इंफोसिस के रेवेन्यू ग्रोथ के अनुमानों को वित्त वर्ष 2026 के लिए बढ़ाकर 3.1% से 3.4% और वित्त वर्ष 2027 के लिए 6% से 6.3% कर दिया है।
जेफरीज ने इंफोसिस की खरीदारी की रेटिंग को बरकरार रखा है और टारगेट प्राइस ₹1880 फिक्स किया है। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि हाई ग्रोथ गाइडेंस तीसरी तिमाही के बेहतर परफॉरमेंस को दिखाता है, न कि चौथी तिमाही के अधिक बेहतर परफॉरमेंस की उम्मीदों को लेकिन मैनेजमेंट का रुख पॉजिटिव बना हुआ है। जेफरीज ने इंफोसिस के ईपीएस के अनुमान को 1% बढ़ा दिया है और इसका अनुमान है कि वित्त वर्ष 2026-2028 में इसका ईपीएस सालाना 7.5% की चक्रवृद्धि रफ्तार (CAGR) से बढ़ सकता है।
नुवामा ने इंफोसिस को फिर से खरीदारी की रेटिंग दी है लेकिन टारगेट प्राइस को बढ़ाकर ₹1900 कर दिया है। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि लगातार दो तिमाहियों में कंपनी ने तगड़ी डील्स हासिल की और ग्रोथ भी दमदार रही जिससे आने वाली तिमाहियों में अच्छी ग्रोथ के आसार दिख रहे हैं। ब्रोकरेज फर्म का कहना है कि अब मार्च 2026 तिमाही से वित्त वर्ष 2027 के ग्रोथ की दिशा तय होगी लेकिन नुवामा का मानना है कि पिछले दो वर्षों की तुलना में बेहतर ही होने की उम्मीद है।
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