
पिछले 6 ट्रेडिंग सेशन में इंडिगो की पेरेंट कंपनी इंटरग्लोब एविएशन लिमिटेड का मार्केट कैपिटलाइजेशन लगभग 25,000 करोड़ रुपये कम हो गया है। इसकी वजह विमानन कंपनी में चल रही दिक्कतें और फ्लाइट कैंसिलेशन है। स्टॉक एक्सचेंजों के डेटा से पता चलता है कि इंटरग्लोब एविएशन के स्टॉक में 5 दिसंबर को लगातार 6ठे दिन गिरावट है। 6 दिनों में यह करीब 11 प्रतिशत गिर चुका है।
इंडिगो के गिरते स्टॉक प्राइस से 2.9 लाख से ज्यादा रिटेल शेयरहोल्डर्स प्रभावित हुए हैं। शुक्रवार को शेयर बीएसई पर पिछले बंद भाव से 3 प्रतिशत टूटकर 5266 रुपये के लो तक गया। कंपनी का मार्केट कैप 2 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा है। शेयर एक साल में लगभग 24 प्रतिशत मजबूत हुआ है।
पिछले दो दिनों में इंडिगो की लगभग 500 उड़ानें रद्द हुई हैं। इससे देश भर के एयरपोर्ट्स पर अफरा-तफरी मच गई है, परेशान यात्री जानकारी के लिए इधर-उधर भाग रहे हैं। उनकी ट्रैवल प्लान अस्त-व्यस्त हो गए हैं। इंडिगो ने शुक्रवार को दिल्ली हवाई अड्डे से जाने वाली अपनी सभी घरेलू उड़ानों को आधी रात तक के लिए रद्द कर दिया।
शुक्रवार को 400 से ज्यादा फ्लाइट कैंसिल
इंडिगो ने शुक्रवार को 400 से अधिक उड़ानें रद्द कर दीं। साथ ही विभिन्न हवाई अड्डों पर बड़ी संख्या में इसकी उड़ानों में देरी हुई। इसके चलते हवाई अड्डों पर सैकड़ों यात्रियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। बेंगलुरु हवाई अड्डे पर 100 से अधिक उड़ानें रद्द कर दी गईं। हैदराबाद हवाई अड्डे पर 90 से अधिक उड़ानें कैंसिल की गईं। इंडिगो ने फ्लाइट ऑपरेशंस में आ रही समस्या के लिए चालक दल की कमी को जिम्मेदार बताया है।
साथ ही तकनीकी दिक्कतों, सर्दियों के कारण टाइम टेबल में बदलाव, खराब मौसम, हवाई परिवहन में भीड़भाड़ और चालक दल के डिप्लॉयमेंट के नए नियमों को भी कारणों में शामिल किया है। नए फ्लाइट ड्यूटी टाइम लिमिटेशन (FDTL) नियम पायलटों और चालक दल के काम के घंटे और आराम की अवधि तय करते हैं, ताकि उनकी सुरक्षा और थकान को मैनेज किया जा सके।
नागरिक उड्डयन मंत्रालय और डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (डीजीसीए) पिछले कुछ दिनों से इंडिगो की फ्लाइट से जुड़ी दिक्कतों पर बारीकी से नजर रख रहे हैं। इंडिगो ने गुरुवार को डीजीसीए को बताया कि फ्लाइट ऑपरेशंस 10 फरवरी, 2026 तक पूरी तरह से स्थिर होने की उम्मीद है। इंडिगो ने रात में पायलटों के ड्यूटी के घंटों को सीमित करने वाले कुछ प्रावधानों से राहत मांगी है।
नवंबर में 1232 उड़ानें रद्द
कंपनी में सिंतबर 2025 के आखिर तक प्रमोटर्स के पास 41.58 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। इंडिगो की ओर से हाल में उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के मुताबिक, नवंबर महीने में कुल 1,232 उड़ानें रद्द हुईं। इनमें से 755 उड़ानें चालक दल की उपलब्धता और FDTL नियमों का अनुपालन न हो पाने के कारण रद्द करनी पड़ीं।