
FMCG कंपनी हिंदुस्तान यूनिलीवर (HUL) के शेयरों में 1 दिसंबर को पहले तेजी और बाद में गिरावट दिखी। शेयर बीएसई पर लगभग 1 प्रतिशत तक चढ़कर 2487.75 रुपये के हाई तक गया। बाद में 0.20 प्रतिशत तक गिरकर 2462.05 रुपये के लो तक गया। दरअसल HUL के डीमर्जर के लिए स्कीम 1 दिसंबर 2025 से प्रभावी हो गई है। इसका आइसक्रीम बिजनेस क्वालिटी वॉल्स इंडिया लिमिटेड (KWIL) अब अलग से लिस्ट होगा।
इंडेक्स एडजस्टमेंट के हिस्से के तौर पर KWIL को 5 दिसंबर से कुछ समय के लिए जीरो प्राइस पर 35 निफ्टी इंडेक्सेज में जोड़ा जाएगा। लिस्ट में निफ्टी 50, निफ्टी 100, निफ्टी 200, निफ्टी 500, निफ्टी FMCG, निफ्टी कंजम्पशन, निफ्टी MNC के साथ-साथ ESG, शरिया, फैक्टर-बेस्ड, इक्वल-वेट, वोलैटिलिटी और क्वालिटी इंडेक्स जैसे बड़े बेंचमार्क शामिल हैं।
इनक्लूजन के लिए एक डमी सिंबल ‘DUMMYHDLVR’ का इस्तेमाल किया जाएगा। इस डमी सिक्योरिटी की कीमत 4 दिसंबर को HUL के शेयर के क्लोजिंग प्राइस और स्पेशल सेशन के दौरान डिस्कवर प्राइस के बीच का अंतर दिखाएगी। अगर डिस्कवर प्राइस पिछले क्लोजिंग प्राइस के बराबर या उससे ज्यादा हुआ तो डमी स्टॉक जीरो पर रहेगा। यह उस लेवल पर तब तक फ्रीज रहेगा जब तक Kwality Wall’s असल में लिस्ट नहीं हो जाती।
5 दिसंबर को HUL के लिए स्पेशल प्राइस डिस्कवरी सेशन
5 दिसंबर को ही डीमर्जर के बाद HUL के शेयर की एडजस्टेड कीमत का पता लगाने के लिए NSE और BSE पर एक स्पेशल प्री-ओपनिंग सेशन आयोजित होने वाला है। डेरिवेटिव सेगमेंट में सभी मौजूदा HUL F&O कॉन्ट्रैक्ट 4 दिसंबर को दिन के आखिर में एक्सपायर हो जाएंगे। 5 दिसंबर को HUL के शेयर के लिए प्राइस डिस्कवरी कंप्लीट होने के बाद, एक्सचेंज नए स्ट्रक्चर के हिसाब से नए F&O कॉन्ट्रैक्ट लाएंगे। Kwility Wall’s की लिस्टिंग प्रोसेस में एक महीने तक का समय लग सकता है।
शेयरहोल्डर्स के लिए रिकॉर्ड डेट
HUL और क्वालिटी वॉल्स के बीच अरेंजमेंट स्कीम के लिए रिकॉर्ड डेट 5 दिसंबर ही है। Hindustan Unilever कह चुकी है कि उसके मौजूदा शेयरधारकों को नई एंटिटी यानि कि KWIL में 1:1 के रेशियो शेयर मिलेंगे। इसका मतलब है कि HUL के मौजूदा शेयरधारकों को उनके पास मौजूद हर एक शेयर के बदले आइसक्रीम बिजनेस की लिस्टिंग के बाद उसका एक अतिरिक्त शेयर मिलेगा। 5 दिसंबर तक जिन शेयरधारकों के नाम शेयरों के लाभार्थी मालिकों के तौर पर रजिस्टर ऑफ मेंबर्स ऑफ द कंपनी या डिपॉजिटरीज के रिकॉर्ड्स में होंगे, वे KWIL के शेयर पाने के हकदार होंगे। शेयरों की अलॉटमेंट डेट 29 दिसंबर है।
इस साल की शुरुआत में HUL ने आइसक्रीम कारोबार के प्रस्तावित डीमर्जर के लिए एक नई सहायक कंपनी क्वालिटी वॉल्स (इंडिया) को इनकॉरपोरेट किया था। HUL के लिए आइसक्रीम कारोबार एक हाई-ग्रोथ सेगमेंट है, जिसमें क्वालिटी वॉल्स, कॉर्नेटो और मैग्नम जैसे मजबूत ब्रांड हैं और ये मुनाफे में है। आइसक्रीम बिजनेस के लिए ब्रांड और तकनीक दोनों का मालिकाना हक यूनिलीवर के पास है। डीमर्जर के बाद HUL के पास KWIL का पूरा यानि 100 प्रतिशत मालिकाना हक होगा।
शेयर 3 महीनों में 7 प्रतिशत गिरा
हिंदुस्तान यूनिलीवर का मार्केट कैप 5.80 लाख करोड़ रुपये है। कंपनी में सितंबर 2025 के आखिर तक प्रमोटर्स के पास 61.90 प्रतिशत हिस्सेदारी थी। शेयर 3 महीनों में 7 प्रतिशत नीचे आया है। HUL का सितंबर 2025 तिमाही में शुद्ध मुनाफा ₹2694 करोड़ रहा। रेवेन्यू स्टैंडअलोन बेसिस पर ₹15585 करोड़ रहा। EBITDA सालाना आधार पर 2.3% घटकर ₹3563 करोड़ रह गया। EBITDA मार्जिन 22.9% रहा, जो पिछले साल के मुकाबले 60 बेसिस पॉइंट्स कम है।