
इस स्मॉलकैप स्टॉक ने चौंकाया है। उतार-चढ़ाव वाले बाजार में भी इसमें गजब की तेजी दिखी है। इस कंपनी का नाम पावना इंडस्ट्रीज है। यह ऑटो कंपोनेंट बनाती है। 12 फरवरी को इस शेयर में लगातार चौथे दिन जबर्दस्त तेजी देखने को मिली। इसमें कंपनी के दिसंबर तिमाही के नतीजों का हाथ हो सकता है। तीसरी तिमाही में कंपनी का प्रदर्शन शानदार रहा है।
12 फरवरी की सुबह यह शेयर तेजी के साथ खुला। 9:50 बजे इसका भाव करीब 3 फीसदी की तेजी के साथ 25.06 रुपये पर पहुंच गया। इस स्टॉक में इस हफ्ते की शुरुआत से ही तेजी जारी है। 11:13 बजे इस शेयर में 2 फीसदी से ज्यादा तेजी के साथ 25 रुपये पर कारोबार हो रहा था।
बीते एक हफ्ते में यह शेयर करीब 35 फीसदी उछल चुका है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि कंपनी के दिसंबर तिमाही के नतीजे आने के बाद इस शेयर में निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ी है। इस दौरान कंपनी का टैक्स बाद प्रॉफिट (PAT) साल दर साल आधार पर 297 फीसदी बढ़कर 3.02 करोड़ रुपये हो गया। रेवेन्यू 36 फीसदी बढ़कर 108.03 करोड़ रुपये हो गई।
पावना इंडस्ट्रीज ने उत्तर प्रदेश सरकार के साथ एक समझौता (MoU) किया है। इसके तहत वह राज्य में अगले तीन से पांच सालों में 250 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। यह पैसा कंपनी राज्य में अपनी मैन्युफैक्चरिंग कपैसिटी बढ़ाने पर करेगी। इसके अलावा कंपनी ने नोएडा में एक नया रिसर्च और डेवलपमेंट सेंटर शुरू किया है।
Pavna Industries की शुरुआत 1994 में हुई थी। यह पावना ग्रुप का हिस्सा है। यह ऑरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर्स (OEMs) को ऑटो कंपोनेंट्स की सप्लाई करती है। यह टू-व्हीलर्स, थ्री-व्हीलर्स और पैसेंजर्स व्हीकल्स/कमर्शियल व्हीकल्स के लिए इग्निशन स्विचेज, फ्यूल कैप्स, थ्रॉटल बॉडीज और कार्बोरेटर्स बनाती है।
खास बात यह है कि पावना इंडस्ट्रीज के शेयरों में चौथे दिन तब तेजी जारी रही, जब शेयर बाजार में गिरावट थी। सुबह सेंसेक्स और निफ्टी कमजोर खुले। बाद में बिकवाली ने बाजार पर दबाव बढ़ा दिया। 11 बजे के बाद निफ्टी 125 अंक से ज्यादा टूट गया, जबकि सेंसेक्स में 451 अंक की गिरावट देखने को मिली। एक्सपर्ट्स का कहना है कि बाजार का सेंटीमेंट फिलहाल कमजोर है।
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