
IT Stocks: उम्मीद से बेहतर रोजगार के अमेरिकी आंकड़े पर एआई से जुड़ी चिंताएं भारी पड़ गई और भारतीय आईटी कंपनियों के शेयर धड़ाम हो गए। आईटी कंपनियों की धड़ाधड़ बिकवाली के चलते 10 दिग्गज आईटी कंपनियों का निफ्टी इंडेक्स निफ्टी आईटी (Nifty IT) धड़ाम हो गया और यह 4% से अधिक टूट गया। निफ्टी आईटी पर कोई भी स्टॉक्स ग्रीन नहीं है और सभी 10 के दस स्टॉक्स में 6% तक की गिरावट है। मार्केट में आज सबसे अधिक आईटी सेक्टर का इंडेक्स ही दबाव में है। निफ्टी आईटी फिलहाल 4.53% की फिसलन के साथ ₹33,503.75 पर है। शुरुआती कारोबार में तो टूटकर यह 33,471.55 तक आ गया था।
पिछले साल 2025 में करीब 13% टूटने के बाद इस साल 2026 में अब तक निफ्टी आईटी करीब 11% नीचे आ चुका है। स्टॉकवाइज बात करें तो निफ्टी आईटी पर आज सबसे अधिक गिरावट कोफोर्ज (Coforge) में है जो करीब 6% टूट गया तो वहीं बाकी नौ स्टॉक्स में भी 4% या इससे अधिक गिरावट आई है।
अमेरिका में क्या है रोजगार की स्थिति?
अमेरिका में रोजगार के आंकड़ों ने हैरान किया और उम्मीद के विपरीत बेरोजरदारी दर गिरकर 4.3% पर आ गई। इससे फेडरल रिजर्व को कुछ समय तक महंगाई पर नजर रखते हुए ब्याज दरों को स्थिर रखने की सहूलियत मिल गई। हालांकि रोजगार में तेजी मुख्य रूप से सबसे अधिक हेल्थ सेक्टर में रही। न्यूज एजेंसी रायटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक FWDBONDS के चीफ इकनॉमिस्ट क्रिस्टोफर रूपके (Christopher Rupkey) का कहना है कि जनवरी में अधिकतर नौकरियां हेल्थकेयर और सोशल असिस्टेंस में रही तो संभवत: कुछ एआई से जुड़ी फैसिलिटीज में। हालांकि उनका कहना है कि ये सभी इकॉनमी के सफल भविष्य की गारंटी नहीं देती हैं। उनका कहना है कि अगर आप नौकरी की तलाश में है तो आज की तारीख में आवेदन करने लायक अवसर मिलने की संभावना कम है।
IT Stocks पर बना दबाव
अमेरिकी जॉब्स की रिपोर्ट जारी होने के बाद अमेरिकी मार्केट में टेक दिग्गजों के शेयरों में गिरावट आई। माइक्रोसॉफ्ट 2.2% गिर गया और S&P 500 में सबसे अधिक गिरने वाला शेयर रहा। गूगल की अल्फाबेट में 2% से अधिक गिरावट आई तो S&P 500 सॉफ्टवेयर इंडेक्स 2.6% फिसल गया। हालांकि ओवरऑल मार्केट फ्लैट बंद हुए। आईटी शेयरों में पिछले हफ्ते लॉन्च हुए एंथ्रॉपिक के लीगल एआई टूल ने दबाव बनाया। आईटी सेक्टर को लेकर निवेशकों की यह चिंता बढ़ी है कि एंथ्रॉपिक के नए टूल से सॉफ्टवेयर कंपनियों के लिए कॉम्पटीशन बढ़ी है।
एआई डेवलपर एंथ्रॉपिक ने अपने क्लाउडे कोवर्क (Claude Cowork) एजेंट के लिए प्लग-इन्स लॉन्च किया है जो लीगल, सेल्स, मार्केटिंग और डेटा एनालिसिस के काम संभाल सकता है। इसने आईटी सेक्टर में खलबली मचा दी है। वेंचुरा सिक्योरिटीज के रिसर्च हेड विनीत बोलिंजकर का कहना है कि एआई ऑटोमेशन से देश की टॉप आईटी कंपनियों के लेबर-हैवी मॉडल को झटका लग रहा है जिससे बिल योग्य घंटे और एंप्लॉयीज की संख्या में भारी कटौती हो रही है। उनका मानना है कि इस सेक्टर में आगे और गिरावट देखने को मिल सकती है।
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