भारत और यूरोपीय यूनियन के बीच लंबे इंतजार के बाद आखिरकार आज ट्रेड डील समझौता हो गया। पीएम मोदी ने यूरोपियन यूनियन के साथ हुए इस डील को बड़ा गेमचेंजर बताया है। माना जा रहा है कि इस डील से करीब 93% प्रोडक्ट्स पर ड्यूटी जीरो हो जाएगी। इस डील के लागू होने के बाद भारत से यूरोप को एक्सपोर्ट होने वाले केवल कृषि, ऑटो और स्टील उत्पादों पर इंपोर्ट ड्यूटी लगेगी। बाकी भारत के करीब 90% सामानों पर पहले ही दिन से यूरोप में ‘जीरो’ इंपोर्ट ड्यूटी लागू हो जाएगी। इसके अलावा 7 साल में और 3% प्रोडक्ट पर धीरे-धीरे ड्यूटी ‘जीरो’ की जाएगी।
फिलहाल भारत के कुल एक्सपोर्ट में यूरोपीय यूनियन की हिस्सेदारी करीब 17% है। लेकिन ब्रोकरेज फर्म एमके ग्लोबल की मानें तो, इस समझौता के बाद भारत से यूरोपीय यूनियन को एक्सपोर्ट को अब बढ़कर लगभग 50 अरब डॉलर तक बढ़ा सकता है। आइए यह समझने की कोशिश करते हैं भारत-यूरोपीय यूनियन समझौते से किन सेक्टर्स को सबसे अधिक लाभ मिलने की संभावना है। साथ ही यह जानेंगे कि इस सेक्टर की कौन सी कंपनियां और शेयर इस लाभ का फायदा उठाने के लिए सबसे अच्छी स्थिति में हैं।