
भारती एंटरप्राइजेज और वारबर्ग पिनकस ने हायर इंडिया में स्ट्रेटेजिक इनवेस्टमेंट का ऐलान किया है। हायर इंडिया चीन के हायर ग्रुप की सब्सिडियरी है। सुनील मित्तल की अगुवाई वाली भारती एंटरप्राइजेज और पीई फर्म वारबर्ग पिनकस ने 24 दिसंबर को यह ऐलान किया। इस ट्रांजेक्शन के बाद हायर इंडिया में भारती एंटरप्राइजेज और वारबर्ग पिनकस की कंबाइंड हिस्सेदारी 49 फीसदी हो जाएगी।
चीन का हायर ग्रुप 49% हिस्सेदारी बनाए रखेगा
Haier Group अपनी इंडियन सब्सिडियरी हायर इंडिया में 49 फीसदी हिस्सेदारी बनाए रखेगा। बाकी 2 फीसदी हिस्सेदारी एंप्लॉयीज के पास होगी। न्यूज एजेंसी रायटर्स ने यह खबर दी है। कंपनियों ने डील की वैल्यू के बारे में नहीं बताया। यह डील किस वैल्यूएशन पर हो रही है इसकी जानकारी भी नहीं मिल सकी है।
इस निवेश से हायर की ग्रोथ की रफ्तार बढ़ेगी
इकोनॉमिक टाइम्स ने सूत्रों ने हवाले से बताया है कि हायर इंडिया की वैल्यू 15,000 करोड़ रुपये हो सकती है। हायर इंडिया एयर कंडीशनर्स, रेफ्रिजरेटटर्स, टेलीविजन, वॉशिंग मशीन और किचन अप्लायंसेज बनाती है। इसके दो प्लांट्स हैं, जो पुणे और नोएडा में हैं। दोनों कंपनियों ने ज्वाइंट स्टेटमेंट में कहा है, “इस स्ट्रेटेजिक कोलैबोरेशन से हायर की ग्रोथ तेज होगी। भारत में कंपनी के कारोबार का विस्तार होगा।”
हायर इंडिया प्रतिद्वंद्वी कंपनियों को देगी कड़ी टक्कर
इस बयान में यह भी कहा गया है कि भारती की मजबूत स्थिति और व्यापक नेटवर्क्स और वारबर्ग पिनकस के ब्रांड्स को इंडस्ट्री के लीडर बनाने के ट्रैक रिकॉर्ड का फायदा हायर इंडिया को मिलेगा। इस निवेश से हायर इंडिया की पूरी वैल्यू चेन में दूसरी कंपनियों के प्रतियोगिता करने की क्षमता बढ़ेगी। हायर इंडिया का मुकाबला एलजी इलेट्रॉनिक्स, सैमसंग जैसी दिग्गज कंपनियों से है। भारतीय बाजार में एलजी और सैमसंग की मजबूत पैठ है।
हायर इंडिया भारत की टॉप 3 कंज्यूमर ड्यूरेबल्स कंपनियों में शामिल
दोनों कंपनियों ने कहा है, “इंडिया में कंज्यूमर अप्लायंसेज मार्केट को ग्रोथ स्ट्रॉन्ग है। इसमें लोगों की बढ़ती इनकम, बदलती लाइफस्टाइल और कंज्यूमर अप्लायंसेज की लोगों तक बढ़ती पहुंच का हाथ है। अभी हायर इंडिया भारत की टॉप 3 कंज्यूमर ड्यूरेबल्स कंपनियों में शामिल है। इसका प्रोडक्ट पोर्टफोलियो स्ट्रॉन्ग है, जिसमें एयर कंडीशनर, रफ्रिजरेटर्स, टेलीविजन, वॉशिंग मशीन और किचन एप्लांयेसज शामिल है। बीते 7 सालों में कंपनी का सीएजीआर करीब 25 फीसदी रही है।”