
इंफोसिस के एडीआर में न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज में 19 दिसंबर को 38 फीसदी से ज्यादा उछाल आया। इसके बाद ट्रेडिंग रोक दी गई। एडीआर का अंतिम प्राइस 27 डॉलर था। रायटर्स ने यह खबर दी है। इसी तरह गिफ्टी निफ्टी फ्यूचर्स में भी 220 प्वाइंट्स से ऊपर कारोबार हुआ। एनएसई में इंफोसिस के शेयर 19 दिसंबर को 0.7 फीसदी चढ़कर 1,638 रुपये पर बंद हुए।
19 दिसंबर की सुबह इंडियन आईटी कंपनियों के शेयरों में तेजी देखने को मिली। इसकी वजह 18 दिसंबर को आए एक्सेंचर की पहली तिमाही के नतीजे थे। शुरुआती कारोबार में इंफोसिस, टीसीएस, टेक महिंद्रा, विप्रो और एचसीएल टेक के शेयरों में उछाल दिखा। कई मिडकैप आईटी कंपनियों के शेयरों में भी तेजी थी।
एक्सेंचर के पहली तिमाही के नतीजे उम्मीद से बेहतर हैं। कंपनी का रेवेन्यू ग्रोथ 5 फीसीद बढ़ा। हालांकि, कंपनी ने पूरे साल के रेवेन्यू गाइडेंस को 2-5 फीसदी पर अपरिवर्तित रखा है। हालांकि, कंपनी ने अमेरिकी सरकार से बिजनेस में 1 फीसदी कंट्रिब्यूशन को ध्यान में नहीं रखा है। कंपनी ने FY2026 के अपनी ऑर्गेनेटिक ग्रोथ आउटलुक को भी 0.5-3.5 फीसदी बनाए रखा। इससे डिस्क्रेशनरी स्पेंडिंग में सावधानी जारी रहने का संकेत मिलता है।
विप्रो के एडीआर में भी 7 फीसदी उछाल देखने को मिला। इससे यह 3.07 डॉलर पर पहुंच गया। 19 दिसंबर को लगातार तीसरे दिन इंफोसिस के एडीआर में तेजी दिखी। इसकी वजह एक्सेंचर के पहली तिमाही के नतीजे हो सकते हैं। 18 दिसंबर को इंफोसिस के एडीआर में 5 फीसदी से ज्यादा तेजी दिखी थी। 17 दिसंबर को इसमें 2.5 फीसदी तेजी आई थी।