
आईटीआई लिमिटेड के शेयर 19 दिसंबर को एक समय 13 फीसदी चढ़कर 331.75 रुपये पर पहुंच गए थे। यह शेयर का बीते दो हफ्तों में सबसे हाई लेवल है। हालांकि, बाद में शेयर ने काफी तेजी गंवा दी। लेकिन, इससे शेयर में लगातार चार दिनों से जारी गिरावट थम गई। 18 दिसंबर को मनीकंट्रोल ने खबर दी थी कि कंपनी ने जमीन बेचकर करीब 3,500 करोड़ रुपये जुटाने का प्लान बनाया है। कंपनी बेंगलुरु में अपनी 91.43 एकड़ जमीन बेचेगी। इस पैसे का इस्तेमाल कंपनी कर्ज और एंप्लॉयीज का बकाया चुकाने के लिए करेगी।
कंपनी बेंगलुरु में अपने कई प्लॉट्स बेचेगी
बेंगलुरु साऊथ के सांसद तेजस्वी सूर्या के एक सवाल के जवाब में केंद्रीय संचार राज्य मंत्री पेम्मासानी चंद्रशेखर ने लोकसभा में 17 दिसंबर को बताया कि कंपनी की यह जमीन बेंगलुरु अर्बन डिस्ट्रिक्ट में कृष्णाराजापुरा में आईटीआई टाउनशिप के आसपास है। उन्होंने कहा, “कुछ खाली जमीन बेचने को लेकर सरकार के साथ कंपनी की बातचीत चल रही है। जमीन बेचने से मिलने वाले पैसे का इस्तेमाल बैंक लोन और बकाया चुकाने के लिए होगा।”
सबसे प्लॉट को बेचने से मिलेंगे 1651 करोड़
कुल चार प्लॉट्स हैं, जिसमें से सबसे बड़ा प्लॉट 44.03 एकड़ा का है, जिसकी कीमत 1,651.20 करोड़ रुपये है। दूसरा 21 एकड़ का प्लाट आईटीआई टाउनशिप के बी-एरिया में है। इसे जीएसटी डिपार्टमेंट को ट्रांसफर करने का प्लान है। इससे कंपनी को 823.20 करोड़ रुपये मिलेंगे। कंपनी बी नारायणपुरा गांव में 10.28 एकड़ के प्लॉट को भी बेचेगी, जिसकी कीमत 357.57 करोड़ रुपये है। आईटीआई टाउनशिप में स्थित 16.12 एकड़ के एक और प्लॉट को बेचने का प्लान है, जिससे 641.17 करोड़ रुपये कंपनी को मिलेंगे।
मुनाफावसूली की वजह से शेयरों ने बढ़त गंवाई
कीमतों में उछाल के बाद शेयरों में मुनाफावसूली देखने को मिली। इससे शेयर कारोबार के अंत में 5.3 फीसदी चढ़कर 309.85 रुपये पर बंद हुए। एनएसई पर कंपनी के 3.2 करोड़ शेयरों की खरीद-बिक्री हुई। 18 दिसंबर को 2,42,000 शेयरों में ट्रेडिंग हुई थी। केंद्रीय मंत्री ने बताया कि आईटीआई की ऑर्डर बुक 18,746 करोड़ रुपये की है। FY25 में कंपनी का टर्नओवर 4,323 करोड़ रुपये था। हालांकि, कंपनी को 233 करोड़ रुपये का लॉस हुआ था।
कंपनी पर बैंकों का 1,325 करोड़ रुपये बकाया
कंपनी पर बैंक का 1,325 करोड़ रुपये का कर्ज है, जबकि पेंडिंग सैलरीज सहित स्टुचेटरी और रिटायरमेंट ड्यूज 339 करोड़ रुपये का है। बीते पांच सालों में कंपनी के एंप्लॉयीज की संख्या में बड़ी कमी आई है। 1 दिसंबर को कंपनी के 1,240 एंप्लॉयीज थे। इसमें 623 रेगुलेर और 617 कॉन्ट्रैक्चुअल एंप्लॉयीज शामिल हैं। 2021 में कंपनी में 2,542 एंप्लॉयीज थे।